दिग्गज लोक गायिका तीजन बाई के निधन पर कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने जताया शोक

दिग्गज लोक गायिका तीजन बाई के निधन पर कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने जताया शोक


पटना, 5 जुलाई। छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध पंडवानी गायिका एवं लोक कला की वैश्विक पहचान बनीं तीजन बाई का रविवार को रायपुर में 70 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन से लोक कला जगत में शोक की लहर दौड़ गई है।
बिहार सरकार के कला, संस्कृति एवं युवा विभाग के मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने तीजन बाई के निधन पर गहरा दुःख व्यक्त करते हुए कहा कि उनका जाना भारतीय लोक कला और संस्कृति के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि तीजन बाई ने अपनी विलक्षण गायकी, सशक्त अभिनय और प्रभावशाली प्रस्तुति के माध्यम से छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोक शैली 'पंडवानी' को देश ही नहीं, बल्कि विश्व स्तर पर नई पहचान दिलाई। उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।
8 अगस्त 1956 को छत्तीसगढ़ में जन्मी तीजन बाई पंडवानी की 'कापालिक' शैली में प्रस्तुति देने वाली पहली महिला कलाकार थीं। इस शैली में कलाकार महाभारत की कथाओं का गायन करते हुए अभिनय और नृत्य के माध्यम से पात्रों को जीवंत रूप में प्रस्तुत करता है। उनकी ओजस्वी आवाज़ और भावपूर्ण अभिनय ने पंडवानी को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया। महाभारत के 'दुशासन वध' प्रसंग की उनकी प्रस्तुति विशेष रूप से देश-विदेश में अत्यंत लोकप्रिय रही।
मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना करते हुए शोक संतप्त परिजनों एवं उनके असंख्य प्रशंसकों को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की।

0 Response to "दिग्गज लोक गायिका तीजन बाई के निधन पर कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार ने जताया शोक"

एक टिप्पणी भेजें

Ads on article

Advertise in articles 1

advertising articles 2